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Doon Crime files: सचिवालय में पूरी सरकार और एक किलोमीटर दूर दिनदहाड़े मर्डर, क्या ज़िंदा बचा मित्र पुलिस का इक़बाल ?

तिब्बती मार्केट गोलीकांड के पीछे 42 करोड़ का विवाद तो नहीं? मां और कारोबारी दोस्त पर भी शक की सुई, भाड़े के शूटर अब तक पुलिस की पकड़ से दूर

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  • दिनदहाड़े तिब्बती मार्केट के सामने मर्डर से दहशत में देहरादून, मित्र पुलिस के इकबाल को खुली चुनौती 
Dehradun crime files: उत्तराखंड में कानून व्यवस्था का जो हाल आजकल है, वैसा हाल उत्तरप्रदेश के ज़माने में भी नहीं रहा होगा! खासकर देहरादून, हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर में लॉ एंड ऑर्डर की स्थिति हर गुजरते दिन के साथ बद से बदतर होती जा रही है। हल्द्वानी के होटल में ऊधमसिंह नगर के किसान सुखवंत सिंह द्वारा गोली मारकर आत्महत्या करने की घटना से लेकर हरिद्वार जिले में पुलिस कस्टडी में गैंगस्टर त्यागी की गोली मारकर हत्या और बुधवार 11 फरवरी को सचिवालय और पुलिस मुख्यालय से महज एक किलोमीटर की दूरी पर स्थित व्यस्त तिब्बती मार्केट के सामने एक कारोबारी की सरेआम गोली मारकर हत्या करने की घटना चीख चीख कर गवाही दे रही हैं कि शांत आबोहवा वाले देवभूमि उत्तराखंड में अपराधी पुलिस के इक़बाल को खुली चुनौती दे रहे हैं। मृतक युवक की पहचान अर्जुन शर्मा, निवासी इंदिरा नगर, थाना बसंत विहार, देहरादून के रूप में हुई है। अर्जुन शर्मा जीएमएस रोड स्थित अमरदीप गैस एजेंसी के मालिक थे।
बुधवार सुबह 10-10:30 बजे के आसपास डालनवाला थाना क्षेत्र के तिब्बती मार्केट के पास अज्ञात हमलावरों ने शहर के कारोबारी अर्जुन शर्मा (42) को दिनदहाड़े गोली मार दी। तिब्बती मार्केट का इलाका सचिवालय और पुलिस मुख्यालय से चंद सौ कदम की दूरी पर है। ख़ास बात यह है कि आज सुबह जब बेख़ौफ़ शूटर्स ने बीच सड़क इस घटना को अंजाम दिया तब सचिवालय में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में कैबिनेट बैठक चल रही थी जिसमें तमाम मंत्री और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।
शूटर कारोबारी अर्जुन शर्मा को निशाना बनाकर फरार हो गए जिसके बाद पुलिस सूचना मिलने पर पहुंची और गंभीर हालत में कारोबारी अर्जुन शर्मा को दून अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने संकेत दिए हैं कि प्रारंभिक जांच में इस मर्डर के पीछे करोड़ों रुपए के लेनदेन का विवाद वजह हो सकता है। अर्जुन की पत्नी अभिलाषा शर्मा ने डालनवाला थाने में तहरीर देकर अपनी सास बीना शर्मा, विनोद उनियाल, संगीता उनियाल, डॉ. अजय खन्ना पर शक जताया है। डालनवाला पुलिस ने चारों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है। प्रारंभिक जांच में पुलिस को पता चला है कि मृतक का अपने पारिवारिक कारोबार और पैसे के लेनदेन को लेकर कुछ समय से विवाद चल रहा था। बताया जा रहा है कि विवाद के चलते मृतक की माँ ने पहले ही अपने बेटे को जान का खतरा बताते हुए उच्च न्यायालय से सुरक्षा भी प्राप्त की थी।
42 करोड़ रुपए के चलते मर्डर ?
मृतक अर्जुन शर्मा जीएमएस रोड स्थित अमरदीप गैस एजेंसी के मालिक थे और यहां काम करने वाले वीके कुमार ने बताया कि अर्जुन और कारोबारी साथी विनोद उनियाल के बीच 42 करोड़ रुपए के लेनदेन का मसला चल रहा है। उन्होंने बताया कि अर्जुन विनोद पर लगातार रकम वापस करने का दबाव बना रहे थे। एक साल पहले विनोद ने अर्जुन की मां से तीन करोड़ रुपये लेकर दो फ्लैट खरीदे थे। इस रकम के वापस न करने पर भी विवाद था।
दहशत में देहरादूनवासी
पिछले एक पखवाड़े में यह चौथा मर्डर है जिसके बाद से पुलिस के इकबाल पर चौतरफा गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। देहरादून पुलिस पहले ही मच्छी बाज़ार में सिरफिरे युवक द्वारा गुंजन नामक युवती पर चापड़ से जानलेवा हमला करने को लेकर कटघरे में थी क्योंकि मृतका की शिकायत के वावजूद पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की थी। अब तिब्बती मार्केट के सामने जिस तरह से सरेआम दो हमलावर आए और गोली मारकर भाग गए इस घटना के बाद से आम शहरी और कारोबारी दहशत में हैं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दो हमलावर स्कूटी पर सवार होकर आए थे और गोली मारकर फरार हो गए। देहरादून के एसएसपी अजय सिंह के निर्देश पर आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग टीमें गठित कर दी गई हैं। साथ ही पूरे जिले में सघन चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। शुरुआती जांच में सीसीटीवी फुटेज में नीले रंग की स्कूटी पर सवार दो अज्ञात हमलावर गोली मारकर भागते हुए दिख रहे हैं। बताया जा रहा है कि अर्जुन परेड ग्राउंड में रोजाना टेनिस खेलने आते थे। बुधवार को भी जिस वक्त उन्हें गोली मारी गई वह टेनिस खेलकर बाहर निकले थे। मार्केट के बाहर एक ठेली से अनानास खरीद रहे थे और पास में ही उनकी गाड़ी खड़ी थी।
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