
- Uttarakhand MLA Fund Report: विधायक निधि खर्च में कौन आगे, कौन पीछे? नानकमत्ता के गोपाल राणा अव्वल, यशपाल आर्य सबसे पीछे
- Uttarakhand MLA Report Card: 213.75 करोड़ की विधायक निधि में 145.86 करोड़ खर्च, जानिए किस विधायक ने कितना पैसा खर्च किया
Uttarakhand News: ऊधमसिंह नगर जिले के विधायकों का विकास का रिपोर्ट कार्ड सामने आया है। आरटीआई से मिली जानकारी के मुताबिक जिले के वर्तमान विधायकों को कुल 213.75 करोड़ रुपये की विधायक निधि आवंटित हुई, जिसमें से जून 2026 तक 145.86 करोड़ रुपये यानी करीब 68 प्रतिशत राशि खर्च हो चुकी है। विधायक निधि खर्च करने में नानकमत्ता से कांग्रेस विधायक गोपाल सिंह राणा सबसे आगे हैं, जबकि बाजपुर विधायक और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य सबसे पीछे हैं।
ऊधमसिंह नगर जिले के विधायकों की विधायक निधि खर्च करने की स्थिति को लेकर एक महत्वपूर्ण रिपोर्ट सामने आई है। ग्राम्य विकास आयुक्त कार्यालय से सूचना अधिकार कार्यकर्ता एडवोकेट नदीम उद्दीन द्वारा प्राप्त सूचना में जिले के वर्तमान विधायकों द्वारा विधायक निधि से कराए जा रहे विकास कार्यों और खर्च की स्थिति का विस्तृत ब्योरा सामने आया है।
आरटीआई के तहत उपलब्ध कराई गई जानकारी के अनुसार, वित्तीय वर्ष 2022-23 से 2025-26 तथा जून 2026 तक की अवधि में ऊधमसिंह नगर जिले के वर्तमान विधायकों को प्रति विधायक 23.75 करोड़ रुपये की दर से कुल 213.75 करोड़ रुपये की विधायक निधि आवंटित हुई। इसमें से 145.86 करोड़ रुपये यानी 68 प्रतिशत जून 2026 तक खर्च हो चुके हैं, जबकि 67.89 करोड़ रुपये की विधायक निधि खर्च होना शेष है।
यह जानकारी उत्तराखंड के आयुक्त ग्राम्य विकास कार्यालय के लोक सूचनाधिकारी से मांगी गई आरटीआई के जवाब में सामने आई है। लोक सूचना अधिकारी/उपायुक्त (प्रशासन) ग्राम्य विकास हेमंती गुंजियाल ने 2022-23 से 2025-26 तक और जून 2026 तक के विवरण की सत्यापित फोटो प्रतियां सूचना अधिकार कार्यकर्ता नदीम उद्दीन को उपलब्ध कराई हैं।

विधायक निधि खर्च में कौन आगे, कौन पीछे?
आरटीआई से मिली जानकारी के आधार पर ऊधमसिंह नगर जिले के नौ वर्तमान विधायकों की विधायक निधि खर्च की स्थिति इस प्रकार है—
1. गोपाल सिंह राणा, नानकमत्ता , 74 प्रतिशत

विधायक निधि खर्च करने में नानकमत्ता से कांग्रेस विधायक गोपाल सिंह राणा जिले में पहले स्थान पर हैं। उनकी 74 प्रतिशत विधायक निधि जून 2026 तक खर्च हुई है। उन्होंने 555 विकास कार्यों के रूप में 1837.19 लाख रुपये के प्रस्ताव मुख्य विकास अधिकारी को भेजे। इनमें से 555 कार्यों के 1799.27 लाख रुपये के प्रस्ताव स्वीकृत हुए।
इनमें से 1741.08 लाख रुपये कार्यदायी संस्थाओं को अवमुक्त हुए, जो सभी खर्च हो गए। इसके साथ 13.28 लाख रुपये प्रशासनिक व्यय जोड़कर कुल 1754.36 लाख रुपये की धनराशि खर्च हुई है।स्वीकृत 555 कार्यों में 377 सामान्य वर्ग, 22 अनुसूचित जाति और 156 जनजाति वर्ग के कार्य हैं। इनमें क्रमशः 366, 22 और 154 कार्य यानी कुल 542 कार्य पूर्ण हो चुके हैं, जबकि 13 कार्य प्रगति पर हैं।

सितारगंज से भाजपा विधायक और कैबिनेट मंत्री सौरभ बहुगुणा 72 प्रतिशत विधायक निधि खर्च के साथ दूसरे स्थान पर हैं। उन्होंने 512 विकास कार्यों के रूप में 1824.57 लाख रुपये के प्रस्ताव मुख्य विकास अधिकारी को भेजे। इनमें से 511 कार्यों के 1822.67 लाख रुपये के प्रस्ताव स्वीकृत हुए।इनमें से 1695.07 लाख रुपये कार्यदायी संस्थाओं को अवमुक्त हुए, जो सभी खर्च हो गए। 13.28 लाख रुपये प्रशासनिक व्यय जोड़कर कुल 1708.35 लाख रुपये की धनराशि खर्च हुई है।
स्वीकृत 511 कार्यों में 353 सामान्य वर्ग, 117 अनुसूचित जाति और 41 जनजाति वर्ग के कार्य हैं। इनमें क्रमशः 111, 39 और 334 कार्य, कुल 484 कार्य पूर्ण हो चुके हैं तथा 27 कार्य प्रगति पर हैं।
3. त्रिलोक सिंह चीमा, काशीपुर, 71 प्रतिशत

काशीपुर से भाजपा विधायक त्रिलोक सिंह चीमा 71 प्रतिशत विधायक निधि खर्च के साथ तीसरे स्थान पर हैं। उन्होंने 141 विकास कार्यों के रूप में 1804.49 लाख रुपये के प्रस्ताव मुख्य विकास अधिकारी को भेजे। इनमें 141 कार्यों के 1804.48 लाख रुपये के प्रस्ताव स्वीकृत हुए।
इनमें से 1669.16 लाख रुपये कार्यदायी संस्थाओं को अवमुक्त हुए और पूरी राशि खर्च हो गई। 13.28 लाख रुपये प्रशासनिक व्यय जोड़कर कुल 1682.44 लाख रुपये खर्च हुए हैं।स्वीकृत 141 कार्यों में 111 सामान्य वर्ग और 30 अनुसूचित जाति वर्ग के कार्य हैं। अनुसूचित जनजाति का कोई कार्य नहीं है। इनमें क्रमशः 96 और 24 कार्य कुल 120 कार्य पूर्ण हो चुके हैं तथा 21 कार्य प्रगति पर हैं।
4. अरविंद पाण्डे, गदरपुर, 70 प्रतिशत

गदरपुर विधायक अरविंद पाण्डे 70 प्रतिशत विधायक निधि खर्च के साथ चौथे स्थान पर हैं। उन्होंने 351 विकास कार्यों के रूप में 1837.54 लाख रुपये के प्रस्ताव मुख्य विकास अधिकारी को भेजे। इनमें 351 कार्यों के 1837.39 लाख रुपये के प्रस्ताव स्वीकृत हुए।
इनमें से 1655.26 लाख रुपये कार्यदायी संस्थाओं को अवमुक्त हुए और पूरी राशि खर्च हो गई। 13.28 लाख रुपये प्रशासनिक व्यय जोड़कर कुल 1668.54 लाख रुपये की धनराशि खर्च हुई है। स्वीकृत 351 कार्यों में 267 सामान्य वर्ग, 47 अनुसूचित जाति और 37 जनजाति वर्ग के कार्य हैं। इनमें क्रमशः 259, 46 और 35 कार्य, कुल 340 कार्य पूर्ण हो चुके हैं तथा 11 कार्य प्रगति पर हैं।
5. तिलकराज बेहड़, किच्छा, 69.12 प्रतिशत

किच्छा से कांग्रेस विधायक तिलकराज बेहड़ 69.12 प्रतिशत विधायक निधि खर्च के साथ पांचवें स्थान पर हैं। उन्होंने 451 विकास कार्यों के रूप में 1831.67 लाख रुपये के प्रस्ताव मुख्य विकास अधिकारी को भेजे। इनमें से 438 कार्यों के 1786.32 लाख रुपये के प्रस्ताव स्वीकृत हुए।
इनमें से 1628.44 लाख रुपये कार्यदायी संस्थाओं को अवमुक्त हुए और सभी खर्च हो गए। 13.28 लाख रुपये प्रशासनिक व्यय जोड़कर कुल 1641.72 लाख रुपये की धनराशि खर्च हुई है।
स्वीकृत 438 कार्यों में 322 सामान्य वर्ग और 116 अनुसूचित जाति वर्ग के कार्य हैं। जनजाति वर्ग का कोई कार्य नहीं है। इनमें क्रमशः 294 और 109 कार्य, कुल 403 कार्य पूर्ण हो चुके हैं तथा 35 कार्य प्रगति पर हैं।
6. भुवन चन्द्र कापड़ी, खटीमा, 68.12 प्रतिशत

खटीमा से कांग्रेस विधायक और विधानसभा में उपनेता विपक्ष भुवन चन्द्र कापड़ी 68.12 प्रतिशत विधायक निधि खर्च के साथ छठे स्थान पर हैं। उन्होंने 838 विकास कार्यों के रूप में 1836.76 लाख रुपये के प्रस्ताव मुख्य विकास अधिकारी को भेजे। इनमें से 814 कार्यों के 1805.52 लाख रुपये के प्रस्ताव स्वीकृत हुए।

इनमें से 1579.03 लाख रुपये कार्यदायी संस्थाओं को अवमुक्त हुए और सभी खर्च हो गए। 13.28 लाख रुपये प्रशासनिक व्यय जोड़कर कुल 1592.31 लाख रुपये की धनराशि खर्च हुई है। स्वीकृत 450 कार्यों में 352 सामान्य वर्ग, 71 अनुसूचित जाति और 27 जनजाति वर्ग के कार्य हैं। इनमें क्रमशः 344, 65 और 21 कार्य, कुल 430 कार्य पूर्ण हो चुके हैं तथा 20 कार्य प्रगति पर हैं।
9. यशपाल आर्य, बाजपुर, 55 प्रतिशत

बाजपुर से कांग्रेस विधायक और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य 55 प्रतिशत विधायक निधि खर्च के साथ इस सूची में नौवें स्थान पर हैं। उन्होंने 484 विकास कार्यों के रूप में 1556.32 लाख रुपये के प्रस्ताव मुख्य विकास अधिकारी को भेजे। इनमें से 480 कार्यों के 1536.32 लाख रुपये के प्रस्ताव स्वीकृत हुए।
213.75 करोड़ की विधायक निधि, 67.89 करोड़ अभी खर्च होना बाकी

आरटीआई से सामने आए आंकड़ों के मुताबिक ऊधमसिंह नगर जिले के नौ वर्तमान विधायकों को कुल 213.75 करोड़ रुपये की विधायक निधि आवंटित हुई है। इसमें से जून 2026 तक 145.86 करोड़ रुपये यानी 68 प्रतिशत खर्च हो चुके हैं, जबकि 67.89 करोड़ रुपये खर्च होना बाकी है।
इस रिपोर्ट कार्ड में नानकमत्ता के गोपाल सिंह राणा 74 प्रतिशत खर्च के साथ सबसे आगे हैं। इसके बाद सितारगंज के सौरभ बहुगुणा 72 प्रतिशत, काशीपुर के त्रिलोक सिंह चीमा 71 प्रतिशत, गदरपुर के अरविंद पाण्डे 70 प्रतिशत, किच्छा के तिलकराज बेहड़ 69.12 प्रतिशत, खटीमा के भुवन चन्द्र कापड़ी 68.12 प्रतिशत, जसपुर के आदेश सिंह चौहान 67.12 प्रतिशत, रुद्रपुर के शिव अरोरा 67 प्रतिशत और बाजपुर के यशपाल आर्य 55 प्रतिशत विधायक निधि खर्च के साथ सूची में हैं।
यहाँ हैं आरटीआई कार्यकर्ता एडवोकेट नदीम उद्दीन द्वारा जारी प्रेस बयान हुबहू :-
उधमसिंह नगर जिले के विधायकों का विकास का रिपोर्ट कार्ड
विधायक निधि खर्च करने में राणा अव्वल
ग्राम्य विकास आयुक्त कार्यालय द्वारा सूचना अधिकार कार्यकर्ता नदीम उद्दीन को उपलब्ध करायी सूचना से खुलासा
काशीपुर। विधायक निधि खर्च के विवरण के रूप मंे उधमसिंह नगर जिले के विधायकों का विकास का रिपोर्ट कार्ड सामने आया है। इसमें जिले की कुल विधायक निधि खर्च का प्रतिशत 68 हैं जबकि जिले में अव्वल रहे नामकमत्ता विधायक गोपाल सिंह राणा की सर्वाधिक 74 प्रतिशत विधायक निधि जून 2026 तक खर्च हुई है।
काशीपुर निवासी सूचना अधिकार कार्यकर्ता नदीम उद्दीन ने उत्तराखंड के आयुक्त ग्राम विकास कार्यालय के लोक सूचनाधिकारी से मौजूदा विधायकांें के विधायक निधि खर्च की सूचना चाही थी। इसके उत्तर में लोक सूचना अधिकारी/उपायुक्त (प्रशासन) ग्राम्य विकास हेमंती गुंजियाल ने 2022-23 से 2025-26 तक माह जून 2026 के विवरण की सत्यापित फोटो प्रतियां श्री नदीम को उपलब्ध करायी है।
श्री नदीम को उपलब्ध विधायक निधि विवरण के अनुसार प्रति विधायक 23.75 करोड़ की दर से उधमसिंह नगर जिले के वर्तमान विधायकों को 213.75 करोड़ रूपये की विधायक निधि आवंटित हुई हैं जिसमें से 68 प्रतिशत 145.86 करोड़ रूपये की विधायक निधि जून 2026 तक खर्च हुई है तथा 67.89 करोड़ की विधायक निधि खर्च होने को शेष हैं।
विधायक वार विवरण के अनुसार जिले में सर्वाधिक 74 प्रतिशत विधायक निधि नानकमत्ता विधायक गोपाल सिंह राणा की खर्च हुई है। उन्होंने 555 विकास कार्यों के रूप में 1837.19 लाख के प्रस्ताव मुख्य विकास अधिकारी को भेजे हैं जिसमें से 555 कार्यों रू. 1799.27 लाख के प्रस्ताव स्वीकृत हुये हैं। इसमें से 1741.08 लाख़ रूपये कार्यदायी संस्थाओं को अवमुक्त हुये जो सभी खर्च हो गये है। रू.13.28 लाख़ प्रशासनिक व्यय जोड़कर कुल 1754.36 लाख की धनराशि खर्च हुई है।
श्री राणा द्वारा स्वीकृत कुल 555 कार्यों में 377 सामान्य वर्ग, 22 अनुसूचित जाति वर्ग तथा 156 जन जाति वर्ग केे हैं। इसमें से क्रमंशः 366, 22 तथा 154 कार्य कुल 542 कार्य पूर्ण हो चुके है तथा 13 कार्य प्रगति पर हैं।
दूसरे स्थान पर 72 प्रतिशत विधायक निधि सितारगंज विधायक सौरभ बहुगुणा की खर्च हुई है। उन्होंने 512 विकास कार्यों के रूप में 1824.57 लाख के प्रस्ताव मुख्य विकास अधिकारी को भेजे हैं जिसमें से 511 कार्यों रू. 1822.67 लाख के प्रस्ताव स्वीकृत हुये हैं। इसमें से 1695.07 लाख रूपये कार्यदायी संस्थाओं को अवमुक्त हुये जो सभी खर्च हो गये है। रू.13.28 लाख़ प्रशासनिक व्यय जोड़कर कुल 1708.35 लाख की धनराशि खर्च हुई है।
श्री सौरभ बहुगुणु द्वारा स्वीकृत कुल 511 कार्यों में 353 सामान्य वर्ग, 117 अनुसूचित जाति वर्ग तथा 41 जनजाति वर्ग केे हैं। इसमें से क्रमंशः 111, 39 तथा 334 कार्य कुल 484 कार्य पूर्ण हो चुके है तथा 27 कार्य प्रगति पर हैं।
ं तीसरे स्थान पर 71 प्रतिशत विधायक निधि काशीपुर विधायक त्रिलोक सिंह चीमा की खर्च हुई है। उन्होंने 141 विकास कार्यों के रूप में 1804.49 लाख के प्रस्ताव मुख्य विकास अधिकारी को भेजे हैं जिसमें से 141 कार्यों रू. 1804.48 लाख के प्रस्ताव स्वीकृत हुये हैं। इसमें से 1669.16 लाख़ रूपये कार्यदायी संस्थाओं को अवमुक्त हुये जो सभी खर्च हो गये है। रू.13.28 लाख़ प्रशासनिक व्यय जोड़कर कुल 1682.44 लाख की धनराशि खर्च हुई है।
श्री त्रिलोक सिंह चीमा द्वारा स्वीकृत कुल 141 कार्यों में 111 सामान्य वर्ग, 30 अनुसूचित् जाति वर्ग तथा जन जाति का कोई कार्य नहीं है।। इसमें से क्रमंशः 96 तथा 24 कार्य कुल 120 कार्य पूर्ण हो चुके है तथा 21 कार्य प्रगति पर हैं।
चौथे स्थान पर पर 70 प्रतिशत विधायक निधि गदरपुर विधायक अरविंद पाण्डे की खर्च हुई है। उन्होंने 351 विकास कार्यों के रूप में 1837.54 लाख के प्रस्ताव मुख्य विकास अधिकारी को भेजे हैं जिसमें से 351 कार्यों रू. 1837.39 लाख के प्रस्ताव स्वीकृत हुये हैं। इसमें से 1655.26 लाख रूपये कार्यदायी संस्थाओं को अवमुक्त हुये जो सभी खर्च हो गये है। रू.13.28 लाख़ प्रशासनिक व्यय जोड़कर कुल 1668.54 लाख की धनराशि खर्च हुई है।
श्री अरविंद पाण्डे द्वारा स्वीकृत कुल 351 कार्यों में 267 सामान्य वर्ग, 47, अनुसूचित जाति वर्ग तथा 37 जन जाति वर्ग केे हैं। इसमें से क्रमंशः 259, 46 तथा 35 कार्य कुल 340 कार्य पूर्ण हो चुके है तथा 11 कार्य प्रगति पर हैं।
पांचवे स्थान पर 69.12 प्रतिशत विधायक निधि किच्छा विधायक तिलकराज बेहड की खर्च हुई है। उन्होंने 451 विकास कार्यों के रूप में 1831.67 लाख के प्रस्ताव मुख्य विकास अधिकारी को भेजे हैं जिसमें से 438 कार्यों रू. 1786.32 लाख के प्रस्ताव स्वीकृत हुये हैं। इसमें से 1628.44 लाख रूपये कार्यदायी संस्थाओं को अवमुक्त हुये जो सभी खर्च हो गये है। रू.13.28 लाख़ प्रशासनिक व्यय जोड़कर कुल 1641.72 लाख की धनराशि खर्च हुई है।
श्री तिलराज बेहड़ द्वारा स्वीकृत कुल 438 कार्यों में 322 सामान्य वर्ग, 116, अनुसूचित जाति वर्ग तथा जनजाति वर्ग का काई कार्य नहीं है।। इसमें से क्रमंशः 294, 109 कुल 403 कार्य पूर्ण हो चुके है तथा 35 कार्य प्रगति पर हैं।
छठे स्थान पर 68.12 प्रतिशत विधायक निधि खटीमा विधायक भुवन चन्द्र कांपड़ी की खर्च हुई है। उन्होंने 838 विकास कार्यों के रूप में 1836.76 लाख के प्रस्ताव मुख्य विकास अधिकारी को भेजे हैं जिसमें से 814 कार्यों रू. 1805.52 लाख के प्रस्ताव स्वीकृत हुये हैं। इसमें से 1614.93 लाख रूपये कार्यदायी संस्थाओं को अवमुक्त हुये जो सभी खर्च हो गये है। रू.13.28 लाख़ प्रशासनिक व्यय जोड़कर कुल 1628.21 लाख की धनराशि खर्च हुई है।
श्री भुवन चन्द्र कापड़ी द्वारा स्वीकृत कुल 838 कार्यों में 476 सामान्य वर्ग, 173, अनुसूचित जाति वर्ग तथा 165 जन जाति वर्ग कार्य है।। इसमें से क्रमंशः 462, 162 तथा 157 कुल 781 कार्य पूर्ण हो चुके है तथा 33 कार्य प्रगति पर हैं।
सातवें स्थान पर 67.12 प्रतिशत विधायक निधि जसपुर विधायक आदेश सिंह चैहान की खर्च हुई है। उन्होंने 251 विकास कार्यों के रूप में 1726.18 लाख के प्रस्ताव मुख्य विकास अधिकारी को भेजे हैं जिसमें से 250 कार्यों रू. 1726.18 लाख के प्रस्ताव स्वीकृत हुये हैं। इसमें से 1580.85 लाख रूपये कार्यदायी संस्थाओं को अवमुक्त हुये जो सभी खर्च हो गये है। रू.13.28 लाख़ प्रशासनिक व्यय जोड़कर कुल 1594.13 लाख की धनराशि खर्च हुई है।
श्री आदेश सिंह चैहान द्वारा स्वीकृत कुल 250 कार्यों में 192, सामान्य वर्ग, 58 अनुसूचित जाति वर्ग तथा अनुसूचित जनजाति का कोई कार्य नहीं है।। इसमें से क्रमंशः 177, 51 कुल 228 कार्य पूर्ण हो चुके है तथा 22 कार्य प्रगति पर हैं।
आठवें स्थान पर 67 प्रतिशत विधायक निधि रूद्रपुर विधायक शिव आरोरा की खर्च हुई है। उन्होंने 454 विकास कार्यों के रूप में 1796.55 लाख के प्रस्ताव मुख्य विकास अधिकारी को भेजे हैं जिसमें से 450 कार्यों रू. 1792.41 लाख के प्रस्ताव स्वीकृत हुये हैं। इसमें से 1579.03 लाख रूपये कार्यदायी संस्थाओं को अवमुक्त हुये जो सभी खर्च हो गये है। रू.13.28 लाख़ प्रशासनिक व्यय जोड़कर कुल 1592.31 लाख की धनराशि खर्च हुई है।
श्री शिव अरोरा द्वारा स्वीकृत कुल 450 कार्यों में 352 सामान्य वर्ग, 71 अनुसूचित जाति वर्ग तथा 27 जन जाति वर्ग के कार्य है। इसमें से क्रमंशः 344, 65 तथा 21 कुल 430 कार्य पूर्ण हो चुके है तथा 20 कार्य प्रगति पर हैं।
नवें स्थान पर 55 प्रतिशत विधायक निधि बाजपुर विधायक यशपाल आर्य की खर्च हुई है। उन्होंने 484 विकास कार्यों के रूप में 1556.32 लाख के प्रस्ताव मुख्य विकास अधिकारी को भेजे हैं जिसमें से 480 कार्यों रू. 1536.32 लाख के प्रस्ताव स्वीकृत हुये हैं। इसमें से 1303.13 लाख रूपये कार्यदायी संस्थाओं को अवमुक्त हुये जिसमें 1303.11 लाख खर्च हो गये है। रू.13.28 लाख प्रशासनिक व्यय जोड़कर कुल 1316.39 लाख की धनराशि खर्च हुई है।
श्री यशपाल आर्य द्वारा स्वीकृत कुल 480 कार्यों में 385 सामान्य वर्ग, 73 अनुसूचित जाति वर्ग तथा 22 जन जाति वर्ग के कार्य है। इसमें से क्रमंशः 352, 56 तथा 21 कुल 429 कार्य पूर्ण हो चुके है तथा 51 कार्य प्रगति पर हैं।



